शुभ संकेत/कोरबा:-छत्तीसगढ़ के कोरबा को प्रदूषण खा रहा है, यह बात किसी से छिपी नहीं है। विभिन्न विद्युत संयंत्रों से निकली राख कहां जा रही है, किसके आदेश पर जा रही है, नियमों का पालन हो रहा है अथवा नहीं, यह बताने वाला कोई नहीं है।
प्रदेश के राजस्व मंत्री जयसिंह अग्रवाल यही जानने और परखने के लिए राखड़ बांधों का निरीक्षण करने निकल पड़े। सबसे पहले वे भारत एलमुनियम कंपनी के बांध का निरीक्षण करने पहुंचे। यहां बांध पर पहले से ही प्रशासनिक अधिकारी और बालकों के अधिकारी मौजूद थे।दरअसल, कोरबा शहरवासी लंबे समय से राख की समस्या से जूझ रहे हैं। गर्मी के मौसम में अंधड़ के दौरान परेशानी कुछ ज्यादा हो जाती है। नागरिकों को राख के प्रदूषण से मुक्ति दिलाने के लिए राजस्व मंत्री अग्रवाल ने अब मोर्चा संभाल लिया है। आगामी गर्मी के दिनों में होने वाली परेशानियों को देखते हुए मंत्री जयसिंह अग्रवाल ने शहर के आसपास स्थित सभी राखड़ बांधों का निरिक्षण कर अधिकारियों को जरुरी निर्देश दिए हैं। इसी कड़ी में वे सबसे पहले बालको के राखड़ बांध पहुंचे, जहां प्रशासनिक अधिकारियों की मौजूदगी में राखड़ बांध का निरिक्षण किया। जांच के दौरान राजस्व मंत्री ने पाया कि डेम अवैध कब्जे की जमीन में बना है। इसलिए उन्होंने अपर कलेक्टर विजेंद्र पाटले को जांच के निर्देश दिए। इसके साथ ही शहर के अलग-अलग क्षेत्रों में जिस तरह से अवैध रूप से राख को डंप किया जा रहा है, उसे लेकर मंत्री ने अधिकारियों को जमकर फटकार लगाई।


